खाना खाने के बाद कुछ देर पैदल चलना एक ऐसी दवा है जो सभी लोगो को लेनी चाहिए।
आयुर्वेद मे इसको शतपावली बोला गया है, भोजन के बाद टहलना यानी खाना खाने के बाद सौ कदम चलना।
भोजन के बाद टहलने से हमारी सेहत को कई लाभ मिलते है –
1. दिल की सेहत के लिए लाभदायक
भोजन के बाद टहलने से नाइट्रिक ऑक्साइड की मात्रा बढ़ जाती है। ये एक गैस है जो धमनियों की अंदरूनी परत खुद बनाती है।
इसका काम है धमनियों को रिलैक्स करके चौड़ा करना ताकि खून धमनियों मे आसानी से बह सके। नाइट्रिक ऑक्साइड ज्यादा रहेगी तो धमनियां चौड़ी रहेंगी जिससे बी.पी. नियंत्रण मे रहेगा और दिल रिलैक्स रहेगा।
भोजन के बाद टहलने से ट्राइग्लिसराइड घटते हैं, जिसकी वजह से हार्ट अटैक का मुख्य कारण घटता है। भोजन, खासकर तला – भुना खाने से खून में ट्राइग्लिसराइड नाम की चर्बी बढ़ जाती है।
ये चर्बी दिल की धमनियों को ब्लॉक करने का सबसे बड़ा कारण है। कई रिसर्च कहती है कि खाना खाने के बाद 10 से 15 मिनट टहलने से ट्राइग्लिसराइड 15 से 20 प्रतिशत तक कम हो जाते हैं। धमनी खुली रहती है तो दिल सुरक्षित रहता है।
हार्ट अटैक का खतरा बहुत हद तक कम हो जाता है। भोजन के बाद टहलने से बी. पी. कण्ट्रोल मे रहता है, दिल पर लोड नहीं पड़ता।
पेट भरकर लेट जाने से खाना पचाने के लिए पेट में खून इकट्ठा होता है। दिल को ज्यादा पम्प करना पड़ता है, जिसकी वजह से बी. पी. बढ़ता है।
भोजन के बाद टहलने से ये समस्याएं नही होती है। कई रिसर्च ये बता चुकी है कि खाना खाने के 5 से 10 मिनट के बाद 10 से 15 मिनट तक पैदल चलने से हार्ट अटैक का खतरा 40 प्रतिशत तक कम हो जाता है।
2. शुगर लेवल नियंत्रण मे रहता है
जब भी भोजन करे तो उसके 5 से 10 मिनट बाद, 100 से 200 कदम या 10 से 15 मिनट टहले ज़रूर, क्योंकि भोजन के बाद शरीर मे शुगर की मात्रा बढ़ जाती है।
इन्सुलिन ज्यादा होने पर शरीर मे सूजन बढ़ सकती है। इन्सुलिन बढ़ने से ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस भी बढ़ता है, जो धमनियों को नुकसान पहुँचाता है।
अगर हम रोज खाना खाने के बाद थोड़ा पैदल चल ले तो इन सब खतरों को कम किया जा सकता है।
इस विषय से जुड़ी research NCBI पर पढ़ सकते हैं।
3. पाचन बेहतर होता है
भोजन के बाद टहलने से भोजन नली मे और आँतो मे भोजन की गति नियमित होती है। खाना आसानी से पचता है। सीने मे जलन, कब्ज, एसिडिटी, गैस, अपच आदि समस्याओं मे कमी आती है।
4. स्ट्रोक का खतरा कम होता है
खाना खाने के बाद हम सुस्त हो जाते हैं। देर तक बैठे रहने से खून गाढ़ा होने लगता है। गाढ़ा खून कलॉट ( खून का थक्का ) बनाता है जो स्ट्रोक का कारण बनता है।
खाना खाने के बाद टहलने से धमनियों मे खून पतला बहता है, जिससे कलॉट नही बनता है और स्ट्रोक का खतरा कम होता है।
5. ब्रेन फॉग मे कमी
अक्सर कई लोगो को ये समस्या होती है कि खाना खाते ही उन्हें नींद आने लगती है। उस समय उनका दिमाग ठीक से काम नही करता है,
जिसकी वजह से वो पूरे फोकस के साथ काम नहीं कर पाते है। यह खून मे शुगर बढ़ने से होता है। भोजन के बाद टहलने से इन समस्याओं से काफी हद तक बच सकते है।
6. नींद अच्छी आती है और मूड बेहतर होता है
रात मे भोजन के बाद थोड़ा पैदल चलने से *एंडोर्फिन और सेरोटोनिन हार्मोन* रिलीज होते है। ये हार्मोन तनाव कम करके हमारे मूड को अच्छा करते है और हमारे मन को अच्छा महसूस कराते है। इन हार्मोन्स की वजह से नींद भी अच्छी आती है।
खाना खाने के बाद टहलने से तनाव बढ़ाने वाले हार्मोन *कोर्टिसोल हार्मोन* मे भी कमी आती है। जिसकी वजह से तनाव कम होता है, मूड अच्छा होता है और नींद भी अच्छी आती है।
“लगातार तनाव, मानसिक थकान और नींद से जुड़ी समस्याओं के बारे में जानने के लिए बर्नआउट क्या है? कारण, लक्षण और बचाव। पर यह पढ़ सकते हैं।”
टहलने का सही तरीका
सीधा और सरल फार्मूला
खाना खाओ, 5 से 10 मिनट तक बैठो, 10 से 15 मिनट धीरे – धीरे टहलो, फिर आराम करो।
खाना खाने के बाद 10 से 15 मिनट या 100 से 200 कदम पैदल चलना कोई फैशन नहीं, बल्कि हमारे बुजुर्गों की दी हुई सेहत की कुंजी है।
ये न सिर्फ खाने को पचाने में मदद करती है, बल्कि शुगर कण्ट्रोल, स्ट्रोक, दिल की बीमारियों और मोटापे से भी बचाती है।
याद रखें, तेज दौड़ना नहीं है, बस आराम से टहलना है। आज से ही इस छोटी सी आदत को अपनी दिनचर्या में शामिल करें, क्योंकि सेहतमंद शरीर ही सबसे बड़ी दौलत है।
दोपहर का खाना खाने के बाद टहलने के लिए सबके पास टाइम नही होता है, क्योंकि अधिकतर लोग अपने काम मे बिज़ी होते है और दोपहर मे धूप, ट्रैफ़िक और प्रदूषण के समय टहलना भी सही नही होता है,
मगर रात का खाना खाने के बाद सभी लोगो को टहलना ज़रूर चाहिए।
तो आज से ही खाना खाकर लेटने से पहले, 10 से 15 मिनट या 100 से 200 कदम की वॉक जरूर लगाएं। आपका शरीर आपको धन्यवाद देगा।

